Monday, January 17th, 2022

ट्रेन हादसा: रेल मंत्री ने घटनास्थल का किया दौरा, मृतकों की संख्या बढ़कर हुई नौ

कोलकाता
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने उत्तर बंगाल के जलपाइगुड़ी जिले के मायनगुरी में घटनास्थल का शुक्रवार को दौरा किया, जहां गुरुवार शाम को बीकानेर-गुवाहाटी एक्सप्रेस ट्रेन के 12 डिब्बे पटरी से उतरने के कारण हुए हादसे में नौ लोगों की मौत हो गई थी और कम से कम 36 अन्य लोग घायल हो गए हैं। पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे (एनएफआर) की प्रवक्ता ने बताया कि रेल मंत्री ने दुर्घटना स्थल पर पटरियों और रेल-इंजन (लोकोमोटिव) का निरीक्षण किया। बाद में उन्होंने अस्पताल जाकर घायल यात्रियों से भी मुलाकात की और उनका हाल जाना। दूसरी ओर, इस हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़कर नौ हो गई है, जिनमें से तीन मृतकों की अभी तक पहचान नहीं हो पाई है। हादसे में 36 अन्य लोग घायल हुए हैं। इनमें से 23 लोगों का इलाज जलपाइगुड़ी के ‘सुपर स्पेशलिटी हास्पिटल’ में चल रहा है, जबकि उत्तर बंगाल मेडिकल कालेज में छह लोग और मयनागुड़ी ग्रामीण अस्पताल में सात लोग भर्ती हैं। हादसे के कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है और इसकी जांच के लिए एक समिति का गठन किया गया है। बंगाल के जलपाइगुड़ी जिले में दोमोहानी के निकट गुरुवार को बीकानेर-गुवाहाटी एक्सप्रेस ट्रेन के 12 डिब्बे पटरी से उतर गए थे और कुछ डिब्बे पलट गए थे।

रेल मंत्री ने इंजन के ‘अंडरफ्रेम’ और ‘ब्रेकिंग सिस्टम’ का किया गहन निरीक्षण
एनएफआर की प्रवक्ता गुनीत कौर ने बताया कि वैष्णव सुबह नौ बजकर 38 मिनट पर दोमोहानी रेलवे स्टेशन पहुंचे और दो मिनट के भीतर एक मोटर ट्राली पर सवार होकर घटनास्थल के लिए रवाना हो गए।कौर ने कहा, उन्होंने पटरी और मरम्मत कार्यों की स्थिति का पता लगाने के लिए ट्राली से ही निरीक्षण किया। दुर्घटनास्थल पर रेल मंत्री ने रेल-इंजन के ‘अंडरफ्रेम’ और उसके ‘ब्रेकिंग सिस्टम’ का गहन निरीक्षण किया।उन्होंने बताया कि एनएफआर के महाप्रबंधक अंशुल गुप्ता गुरुवार देर रात 12 बजकर आठ मिनट पर ही मौके पर पहुंचे और ट्रेनों की आवाजाही को सामान्य करने के लिए पटरियों के जीर्णोद्धार कार्य की निगरानी कर रहे हैं।

जीएम ने भी अस्पताल जाकर घायल यात्रियों का जाना हाल
कौर ने कहा, रेल के पटरी से उतरने के कारणों का पता लगाने के लिए एक जांच समिति का गठन किया गया है। एनएफआर के महाप्रबंधक अंशुल गुप्ता गुरुवार रात और शुक्रवार तड़के विभिन्न अस्पतालों में भी पहुंचे और घायलों की स्थिति के बारे में जानकारी हासिल की।सीआरपीओ ने बताया कि यात्रियों को निकालने का काम गुरुवार रात करीब 10 बजे पूरा हो गया था और फंसे हुए 290 यात्रियों को लेकर एक विशेष ट्रेन रात करीब नौ बजकर 50 मिनट पर घटनास्थल से गुवाहाटी के लिए रवाना हुई।इधर, विशेष पुलिस महानिदेशक (कानून-व्यवस्था) जीपी सिंह ने ट्वीट करके उस विशेष ट्रेन के सुबह करीब साढ़े आठ बजे गुवाहाटी रेलवे स्टेशन पहुंचने की जानकारी दी।एनएफआर ने गुरुवार को एक बयान में कहा था कि हादसे के सयम ट्रेन में 1,053 यात्री सवार थे।भारतीय रेलवे ने मृतक के स्वजन को पांच-पांच लाख रुपये, गंभीर रूप से घायलों के लिए एक-एक लाख रुपये और मामूली रूप से घायल यात्रियों के लिए 25-25 हजार रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है।

हादसे के कारण 10 ट्रेनों को किया गया रद
सीआरपीओ ने बताया कि इस हादसे के कारण शुक्रवार को कम से कम 10 ट्रेनों को रद किया गया है। कुछ ट्रेनों की सेवाएं उनके गंतव्य स्टेशनों से पहले ही समाप्त की जाएंगी, जबकि कुछ ट्रेनों को उनके प्रस्थान स्टेशनों की बजाय दूसरे स्टेशनों से शुरू किया जाएगा। वहीं, लंबी दूरी वाली अन्य 10 ट्रेनों के मार्ग में परिवर्तन किया गया है।

 

Source : Agency

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